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                                                                                  आज का पञ्चांग,दिन,रविवार ,दिनांक 14/06/2026,




               *|| 🕉️ ||*
         *🌞सुप्रभातम🌞*
         *आज का पञ्चांग*

*दिनांक:- 14/06/2026, रविवार 
                  
                   
*चतुर्दशी, कृष्ण पक्ष,*
*अधिक ज्येष्ठ*
(समाप्ति काल)

तिथि---------- चतुर्दशी 12:19:05.    तक 
पक्ष-------------------------- कृष्ण
नक्षत्र--------- रोहिणी 22:13:01
योग-------------- धृति 13:14:10
करण---------- शकुनी 12:19:05
करण--------- चतुष्पद 22:21:23
वार------------------------ रविवार
माह----------------- अधिक ज्येष्ठ
चन्द्र राशि-----------------    वृषभ
सूर्य राशि------------------    वृषभ
रितु-------------------------- ग्रीष्म
आयन---------‐--------- उत्तरायण
संवत्सर------------------- पराभव
संवत्सर (उत्तर)------------------- रौद्र
विक्रम संवत--------------- 2083
गुजराती संवत------------- 2082 
शक संवत----------------- 1948
कलि संवत---------------- 5127
सूर्योदय--------------- 05:24:43
सूर्यास्त--------------- 19:14:23
दिन काल-‐----------- 13:49:39
रात्री काल------------- 10:10:25
चंद्रोदय--------------- 05:43:56
चंद्रास्त---------------- 18:44:55
लग्न---- वृषभ 28°45' , 58°45'
सूर्य नक्षत्र--------------- मृगशिरा
चन्द्र नक्षत्र------------------रोहिणी
नक्षत्र पाया------------------ लौहा 

*🚩💮🚩  पद, चरण  🚩💮🚩*

ओ---- रोहिणी 06:31:05

वा---- रोहिणी 11:45:32

वी---- रोहिणी 16:59:27

 वु---- रोहिणी 22:13:01

वे---- मृगशीर्षा 27:26:25

*💮🚩💮    ग्रह गोचर    💮🚩💮*

        ग्रह =राशी   , अंश  ,नक्षत्र,  पद
============================
सूर्य=  वृषभ 28°12  ,     मृगशिरा    2    वो 
चन्द्र= वृषभ    12°30 ,   रोहिणी 1    ओ
बुध = मिथुन  23°52 '       पुनर्वसु   1    के 
शु क्र= कर्क   06°05,       पुष्य   1     हु
मंगल= मेष 25°17 °23    भरणी  4     लो
गुरु= कर्क  02°33     पुनर्वसु,    4       ही 
शनि=मीन 19°30 '        रेवती  , 1       दे 
राहू=(व) कुम्भ 09°20 शतभिषा,     1   गो
केतु= (व) सिंह 09°20       मघा   3      मू
============================

*🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩*

राहू काल 17:31 - 19:14 अशुभ
यम घंटा 12:20 - 14:03 अशुभ
गुली काल 15:47 - 17:31 अशुभ 
अभिजित 11:52 - 12:47 शुभ
दूर मुहूर्त 17:24 - 18:19 अशुभ
वर्ज्यम 15:15 - 16:39 अशुभ
प्रदोष 19:14 - 21:18.     शुभ

💮चोघडिया, दिन

उद्वेग 05:25 - 07:08 अशुभ
चर 07:08 - 08:52 शुभ
लाभ 08:52 10:36 शुभ
अमृत 10:36 - 12:20 शुभ
काल 12:20 - 14:03 अशुभ
शुभ 14:03 15:47 शुभ
रोग 15:47 - 17:31 अशुभ
उद्वेग 17:31 - 19:14 अशुभ

🚩चोघडिया, रात

शुभ 19:14 - 20:31 शुभ
अमृत 20:31 - 21:47 शुभ
चर 21:47 - 23:03 शुभ
रोग 23:03 - 24:20* अशुभ
काल 24:20* - 25:36* अशुभ
लाभ 25:36* - 26:52* शुभ
उद्वेग 26:52* - 28:09* अशुभ
शुभ 28:09* - 29:25* शुभ

💮होरा, दिन

सूर्य 05:25- 06:34
शुक्र 06:34- 07:43
बुध 07:43- 08:52
चन्द्र 08:52 -10:01
शनि 10:01 -11:10
बृहस्पति 11:10- 12:20
मंगल 12:20 -13:29
सूर्य 13:29- 14:38
शुक्र 14:38- 15:47
बुध 15:47 -16:56
चन्द्र 16:56- 18:05
शनि 18:05 -19:14

🚩होरा, रात

बृहस्पति 19:14 -20:05
मंगल 20:05- 20:56
सूर्य 20:56- 21:47
शुक्र 21:47- 22:38
बुध 22:38- 23:29
चन्द्र 23:29 -24:20
शनि 24:20-25:10
बृहस्पति 25:10-26:01
मंगल 26:01- 26:52
सूर्य 26:52-27:43
शुक्र 27:43-28:34
बुध 28:34-29:25

*🚩उदयलग्न प्रवेशकाल  🚩* 
     
वृषभ   > 03:24 से  05:30   तक
मिथुन  > 05:30 से 07:44    तक
कर्क    > 07:44  से 10:04   तक
सिंह    > 10:04 से  12:20   तक
कन्या  > 12:20  से  14:34  तक
तुला   >  14:30 से  16:52   तक
वृश्चिक > 16:52 से  19:12   तक
धनु     > 19:12  से  21:16   तक
मकर   > 21:16 से  23:02   तक
कुम्भ   > 23:02  से  00:38  तक
मीन    > 00:38  से  02:06   तक
मेष     >  02:06 से  03:32  तक
=======================

*🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*

       (लगभग-वास्तविक समय के समीप) 
दिल्ली +10मिनट--------- जोधपुर -6 मिनट
जयपुर +5 मिनट------ अहमदाबाद-8 मिनट
कोटा   +5 मिनट------------ मुंबई-7 मिनट
लखनऊ +25 मिनट--------बीकानेर-5 मिनट
कोलकाता +54-----जैसलमेर -15 मिनट

*नोट*-- दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। 
प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है। 
चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥
रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।
अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥
अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।
उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।
लाभ में व्यापार करें ।
रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।
काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।
अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।

*💮दिशा शूल ज्ञान------------- पश्चिम*
परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा चिरौंजी खाके यात्रा कर सकते है l
इस मंत्र का उच्चारण करें-:
*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*
*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*

*🚩  अग्नि वास ज्ञान  -:*
*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*
*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*
*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*
*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।।* *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्*
*नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*

 15 + 14 + 1 +  1 = 31 ÷ 4 = 3 शेष
 पृथ्वी लोक पर अग्नि वास हवन के लिए शुभ कारक है l

*🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩*

सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु  आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है

केतु ग्रह मुखहुति

*💮    शिव वास एवं फल -:*

  29 + 29 + 5 = 63 ÷ 7 =  0 शेष

शमशान वास = मृत्यु कारक

*🚩भद्रा वास एवं फल -:*

*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*
*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।*

*💮🚩    विशेष जानकारी   🚩💮*

*रोहिणी व्रत*

*💮🚩💮   शुभ विचार   💮🚩💮*

आलस्योपगता विद्या परहस्तगतं धनम् ।
अल्पबीजं हतं क्षेत्रं हतं सैन्यमनायकम् ।।
।।चाoनीo।।

खाली बैठने से अभ्यास का नाश होता है. दुसरो को देखभाल करने के लिए देने से पैसा नष्ट होता है. गलत ढंग से बुवाई करने वाला किसान अपने बीजो का नाश करता है. यदि सेनापति नहीं है तो सेना का नाश होता है.

*🚩💮🚩  सुभाषितानि  🚩💮🚩*

गीता -:  अक्षरब्रह्मयोग अo-8

प्रयाण काले मनसाचलेन 
भक्त्या युक्तो योगबलेन चैव।
 भ्रुवोर्मध्ये प्राणमावेश्य सम्यक्‌-
 स तं परं पुरुषमुपैति दिव्यम्‌।

वह भक्ति युक्त पुरुष अन्तकाल में भी योगबल से भृकुटी के मध्य में प्राण को अच्छी प्रकार स्थापित करके, फिर निश्चल मन से स्मरण करता हुआ उस दिव्य रूप परम पुरुष परमात्मा को ही प्राप्त होता है
 ॥10॥

*💮🚩   दैनिक राशिफल   🚩💮*

देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।
नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।
विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।
जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।

🐏मेष
शुभ समाचार प्राप्त होंगे। घर में मेहमानों का आगमन होगा। आत्मविश्वास में वृद्धि होगी। विवेक से कार्य करें। विरोधी सक्रिय रहेंगे। मित्रों का सहयोग प्राप्त होगा। व्यापार-व्यवसाय लाभदायक रहेगा। नौकरी में चैन रहेगा। आय में वृद्धि होगी। मित्रों के साथ समय मनोरंजक व्यतीत होगा। प्रमाद न करें।

🐂वृष
प्रयास सफल रहेंगे। सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। पराक्रम बढ़ेगा। आय में वृद्धि होगी। पराक्रम बढ़ेगा। किसी बड़े काम को करने में रुझान रहेगा। कारोबार में वृद्धि होगी। नौकरी में प्रशंसा प्राप्त होगी। शेयर मार्केट व म्युचुअल फंड से लाभ होगा। चोट व रोग से बचें। सुख के साधन जुटेंगे। घर में तनाव रह सकता है।

👫मिथुन
पुराना रोग उभर सकता है। किसी बड़ी समस्या से सामना हो सकता है। लेन-देन में विशेष सावधानी रखें। वाणी में हल्के शब्दों के प्रयोग से बचें। दु:खद समाचार मिल सकता है। किसी व्यक्ति से बेवजह विवाद हो सकता है। व्यर्थ भागदौड़ होगी। कार्य में विलंब होगा। चिंता तथा तनाव रहेंगे। आय में निश्चितता रहेगी।

🦀कर्क
किसी गलती का खामियाजा भुगतना पड़ सकता है। जल्दबाजी व लापरवाही न करें। अज्ञात भय सताएगा। पुराना रोग उभर सकता है। भागदौड़ रहेगी। विद्यार्थी वर्ग सफलता हासिल करेगा। किसी आनंदोत्सव में भाग लेने का अवसर प्राप्त होगा। स्वादिष्ट भोजन का आनंद मिलेगा। प्रसन्नता रहेगी।

🐅सिंह
लेन-देन में जल्दबाजी न करें। किसी अपरिचित पर अतिविश्वास न करें। आय में वृद्धि होगी। भूमि व भवन संबंधी योजना बनेगी। कोई बड़ा लाभ हो सकता है। रोजगार प्राप्ति के प्रयास सफल रहेंगे। भाग्य बेहद अनुकूल है, लाभ लें। चोट व रोग से बचें। प्रेम-प्रसंग में अनुकूलता रहेगी। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी।

🙍‍♀️कन्या
शत्रु परास्त होंगे। कोर्ट व कचहरी के कार्य मनोनुकूल रहेंगे। जीवनसाथी से सहयोग प्राप्त होगा। सुख के साधन जुटेंगे। कारोबार में वृद्धि होगी। निवेशादि शुभ रहेंगे। नौकरी में सहकर्मी साथ देंगे। स्त्री पक्ष से लाभ होगा। अज्ञात भय रहेगा। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। पार्टनरों का सहयोग मिलेगा। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी।

⚖️तुला
वाहन व मशीनरी आदि के प्रयोग में सावधानी रखें, विशेषकर स्त्रियां रसोई में ध्यान रखें। वाणी में हल्के शब्दों के प्रयोग से बचें। किसी व्यक्ति से बेवजह विवाद हो सकता है। लेन-देन में जल्दबाजी न करें। धनलाभ के अवसर प्राप्त होंगे। आय में निश्चितता होगी। ऐश्वर्य पर व्यय होगा।

🦂वृश्चिक
कुसंगति से हानि होगी। पूजा-पाठ में मन लगेगा। कोर्ट व कचहरी के कार्य अनुकूल रहेंगे। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। परिवार के साथ समय अच्‍छा व्यतीत होगा। आर्थिक उन्नति के प्रयास सफल रहेंगे। कारोबार अच्छा चलेगा। नौकरी में उच्चाधिकारी प्रसन्नता रहेंगे। भाइयों का सहयोग मिलेगा। प्रसन्नता बनी रहेगी।

🏹धनु
नई योजना बनेगी। कार्यप्रणाली में सुधार होगा। कारोबार में वृद्धि होगी। जोखिम उठाने का साहस कर पाएंगे। नए व्यापारिक अनुबंध होंगे। धनार्जन होगा। लंबे समय से रुके कार्यों में गति आएगी। सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। शत्रु परास्त होंगे। स्वास्थ्‍य का ध्यान रखें।

🐊मकर
पुराने शत्रु परेशान कर सकते हैं। थकान व कमजोरी रह सकती है। जीवनसाथी के स्वास्थ्य की चिंता रहेगी। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। डूबी हुई रकम प्राप्त हो सकती है। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। भाग्य का साथ रहेगा। व्यापार में वृद्धि के योग हैं। निवेश शुभ रहेगा। आय होगी। प्रमाद न करें।

🍯कुंभ
अप्रत्याशित खर्च सामने आएंगे। कर्ज लेना पड़ सकता है। वाणी पर नियंत्रण रखें। दूसरों से अपेक्षा पूर्ण नहीं होने से खिन्नता रहेगी। कार्य में विलंब होगा। स्वास्थ्य का पाया कमजोर रहेगा। पारिवारिक चिंता बनी रहेगी। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। व्यवसाय ठीक चलेगा। आय बनी रहेगी। व्यस्तता रहेगी।

🐟मीन
रोजगार प्राप्ति के प्रयास सफल रहेंगे। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। निवेश के सुखद परिणाम आएंगे। अप्रत्याशित लाभ हो सकता है। किसी बड़ी बाधा के दूर होने से प्रसन्नता रहेगी। भाग्य का साथ मिलेगा। पुराना रोग उभर सकता है। विवाद से क्लेश संभव है। लेन-देन में जल्दबाजी न करें।

*🚩आपका दिन मंगलमय हो🚩*








You Tube: 

1. Youtube:  ग्रह वाणी   
https://youtube.com/shorts/xqc6820XshI?si=3BPhBlfPj8-AJ3Bo

2. Youtube:  B I News
https://youtu.be/VwwU7GSmc8o?si=Y4y_DG_etYEolPQ0


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🚩🚩भारत माता की जय🚩🚩

                                                                                 आज का पञ्चांग,दिन,शनिवार,दिनांक 13/06/2026,




               *|| 🕉️ ||*
         *🌞सुप्रभातम🌞*
         *आज का पञ्चांग*

*दिनांक:- 13/06/2026, शनिवार 
                                    
*त्रयोदशी, कृष्ण पक्ष,*
*अधिक ज्येष्ठ*
(समाप्ति काल)

तिथि-------- त्रयोदशी 16:07:02.     तक 
पक्ष-------------------------- कृष्ण
नक्षत्र--------- कृत्तिका 25:15:56
योग------------ सुकर्मा 17:27:20
करण--------------गर 05:54:33
करण---------- वणिज 16:07:02
करण------- विष्टि भद्र 26:14:46
वार----------------------- शनिवार
माह----------------- अधिक ज्येष्ठ
चन्द्र राशि------    मेष 09:24:21
चन्द्र राशि-----------------    वृषभ
सूर्य राशि------------------    वृषभ
रितु-------------------------- ग्रीष्म
आयन------------------- उत्तरायण
संवत्सर‐-------------------पराभव
संवत्सर (उत्तर)----------------- रौद्र
विक्रम संवत--------------- 2083 
गुजराती संवत------------- 2082 
शक संवत----------------- 1948 
कलि संवत---------------- 5127
सूर्योदय--------------- 05:24:39
सूर्यास्त---------------- 19:14:03
दिन काल------------- 13:49:23
रात्री काल------------- 10:10:40
चंद्रास्त---------------- 17:31:50
चंद्रोदय--------------- 28:03:03
लग्न ----- वृषभ 27°47' , 57°47'
सूर्य नक्षत्र--------------- मृगशिरा
चन्द्र नक्षत्र---------------- कृत्तिका
नक्षत्र पाया------------------ लौहा 

*🚩💮🚩  पद, चरण  🚩💮🚩*

अ---- कृत्तिका 09:24:21

ई---- कृत्तिका 14:42:44

उ---- कृत्तिका 19:59:52

ए---- कृत्तिका 25:15:56

*💮🚩💮    ग्रह गोचर    💮🚩💮*

        ग्रह =राशी   , अंश  ,नक्षत्र,  पद
============================
सूर्य=  वृषभ 27°12  ,     मृगशिरा    2    वो 
चन्द्र= मेष    27°30 ,     कृतिका 1    अ
बुध = मिथुन  22°52 '       पुनर्वसु   1    के 
शु क्र= कर्क   05°05,       पुष्य   1     हु
मंगल= मेष 24° 17 °23    भरणी  4     लो
गुरु= कर्क  02°33     पुनर्वसु,    4       ही 
शनि=मीन 19°30 '        रेवती  , 1       दे 
राहू=(व) कुम्भ 09°23 शतभिषा,     1   गो
केतु= (व) सिंह 09°23       मघा   3      मू
============================

*🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩*

राहू काल 08:52 - 10:36 अशुभ
यम घंटा 14:03 - 15:47 अशुभ
गुली काल 05:25 - 07:08 अशुभ 
अभिजित 11:52 - 12:47 शुभ
दूर मुहूर्त 07:15 - 08:11 अशुभ
वर्ज्यम 14:43 - 16:07 अशुभ
प्रदोष 19:14 - 21:17        शुभ

💮चोघडिया, दिन

काल 05:25 07:08 अशुभ
शुभ 07:08 - 08:52 शुभ
रोग 08:52 - 10:36 अशुभ
उद्वेग 10:36 - 12:19 अशुभ
चर 12:19 14:03 शुभ
लाभ 14:03 15:47 शुभ
अमृत 15:47 - 17:30 शुभ
काल 17:30 19:14 अशुभ

🚩चोघडिया, रात

लाभ 19:14 - 20:30 शुभ
उद्वेग 20:30 - 21:47 अशुभ
शुभ 21:47 - 23:03 शुभ
अमृत 23:03 - 24:19* शुभ
चर 24:19* - 25:36* शुभ
रोग 25:36* - 26:52* अशुभ
काल 26:52* - 28:08* अशुभ
लाभ 28:08* - 29:25* शुभ

💮होरा, दिन

शनि 05:25- 06:34
बृहस्पति 06:34- 07:43
मंगल 07:43 -08:52
सूर्य 08:52 -10:01
शुक्र 10:01 -11:10
बुध 11:10 -12:19
चन्द्र 12:19 -13:28
शनि 13:28-14:38
बृहस्पति 14:38- 15:47
मंगल 15:47- 16:56
सूर्य 16:56 -18:05
शुक्र 18:05 -19:14

🚩होरा, रात

बुध 19:14 -20:05
चन्द्र 20:05- 20:56
शनि 20:56 -21:47
बृहस्पति 21:47- 22:38
मंगल 22:38 -23:28
सूर्य 23:28 -24:19
शुक्र 24:19-25:10
बुध 25:10-26:01
चन्द्र 26:01- 26:52
शनि 26:52-27:43
बृहस्पति 27:43-28:34
मंगल 28:34-29:25

*🚩उदयलग्न प्रवेशकाल  🚩* 
     
वृषभ   > 03:28 से  05:34   तक
मिथुन  > 05:34 से 07:48    तक
कर्क    > 07:48  से 10:08   तक
सिंह    > 10:08 से  12:24   तक
कन्या  > 12:24  से  14:38  तक
तुला   >  14:38 से  16:56   तक
वृश्चिक > 16:56 से  19:16   तक
धनु     > 19:16  से  21:20   तक
मकर   > 21:20 से  23:06   तक
कुम्भ   > 23:06  से  00:42  तक
मीन    > 00:42  से  02:10   तक
मेष     >  02:10 से  03:36  तक
=======================

*🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*

       (लगभग-वास्तविक समय के समीप) 
दिल्ली +10मिनट--------- जोधपुर -6 मिनट
जयपुर +5 मिनट------ अहमदाबाद-8 मिनट
कोटा   +5 मिनट------------ मुंबई-7 मिनट
लखनऊ +25 मिनट--------बीकानेर-5 मिनट
कोलकाता +54-----जैसलमेर -15 मिनट

*नोट*-- दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। 
प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है। 
चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥
रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।
अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥
अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।
उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।
लाभ में व्यापार करें ।
रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।
काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।
अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।

*💮दिशा शूल ज्ञान-------------पूर्व*
परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो लौंग अथवा कालीमिर्च खाके यात्रा कर सकते है l
इस मंत्र का उच्चारण करें-:
*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*
*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*

*🚩  अग्नि वास ज्ञान  -:*
*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*
*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*
*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*
*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।।* *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्*
*नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*

 15 + 13 + 7 + 1 = 36 ÷ 4 = 0 शेष
 पृथ्वी लोक पर अग्नि वास हवन के लिए शुभ कारक है l

*🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩*

सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु  आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है

केतु ग्रह मुखहुति

*💮    शिव वास एवं फल -:*

  28 + 28 + 5 = 61 ÷ 7 =  5 शेष

ज्ञानवेलायां = कष्ट कारक

*🚩भद्रा वास एवं फल -:*

*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*
*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।*

16:07 से 26:13 तक समाप्त 

स्वर्ग लोक  =  शुभ कारक 

*💮🚩    विशेष जानकारी   🚩💮*

*सर्वार्थ एवं अमृत सिद्धि योग 25:16 से*

*💮🚩💮   शुभ विचार   💮🚩💮*

मूर्खाणां पण्डिता द्वेष्या अधनानां महाधनाः ।
वरांगना कुलस्त्रीणां सुभगानां च दुर्भगा ।।
।।चाoनीo।।

मूढ़ लोग बुद्धिमानो से इर्ष्या करते है. गलत मार्ग पर चलने वाली औरत पवित्र स्त्री से इर्ष्या करती है. बदसूरत औरत खुबसूरत औरत से इर्ष्या करती है.

*🚩💮🚩  सुभाषितानि  🚩💮🚩*

गीता -:  अक्षरब्रह्मयोग अo-8

कविं पुराणमनुशासितार-
मणोरणीयांसमनुस्मरेद्यः।
 सर्वस्य धातारमचिन्त्यरूप-
मादित्यवर्णं तमसः परस्तात्‌॥

जो पुरुष सर्वज्ञ, अनादि, सबके नियंता (अंतर्यामी रूप से सब प्राणियों के शुभ और अशुभ कर्म के अनुसार शासन करने वाला) सूक्ष्म से भी अति सूक्ष्म, सबके धारण-पोषण करने वाले अचिन्त्य-स्वरूप, सूर्य के सदृश नित्य चेतन प्रकाश रूप और अविद्या से अति परे, शुद्ध सच्चिदानन्दघन परमेश्वर का स्मरण करता है
 ॥9॥

*💮🚩   दैनिक राशिफल   🚩💮*

देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।
नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।
विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।
जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।

🐏मेष
रचनात्मक कार्य सफल रहेंगे। पठन-पाठन व लेखन आदि में मन लगेगा। पार्टी व पिकनिक का आनंद प्राप्त हो सकता है। स्वादिष्ट भोजन का आनंद प्राप्त होगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। मित्रों के साथ मजोरंजन का कार्यक्रम बन सकता है। निवेश में सोच-समझकर हाथ डालें। प्रसन्नता में वृद्धि होगी। झंझटों से दूर बनाए रखें।

🐂वृष
सामाजिक कार्यों में रुचि रहेगी। मान-सम्मान मिलेगा। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। आय के नए स्रोत प्राप्त हो सकते हैं। नौकरी में कार्य की प्रशंसा होगी। निवेश लाभदायक रहेगा। बाहर जाने का मन बनेगा। परिवार के साथ जीवन सुखमय गुजरेगा। प्रसन्नता रहेगी। दूसरों से अपेक्षा न करें।

👫मिथुन
अपेक्षित कार्यों में बाधा होगी। तनाव रहेगा। किसी अपरिचित पर अतिविश्वास हानि का कारण बनेगा। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। आय में निश्चितता रहेगी। शोक समाचार मिल सकता है। पुराना रोग परेशानी का कारण रहेगा। व्यय होगा। दूसरों के कार्य में हस्तक्षेप न करें। लेन-देन में जल्दबाजी न करें।

🦀कर्क
अपेक्षित कार्यों में विलंब होने से तनाव रहेगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। कीमती वस्तुएं गुम हो सकती हैं। जल्दबाजी व लापरवाही न करें। लाभ में कमी रहेगी। फालतू खर्च पर नियंत्रण रखें। कर्ज लेना पड़ सकता है। विवाद को बढ़ावा न दें। स्वास्थ्य का पाया कमजोर रहेगा। स्वास्थ्य पर खर्च होगा।

🐅सिंह
रुका हुआ धन प्राप्त होने की संभावना है। यात्रा लाभदायक रहेगी। आय में वृद्धि होगी। भाइयों का सहयोग आत्मशांति देगा। शत्रु पस्त होंगे। नौकरी में अधिकारी आप पर ध्यान देंगे। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी। व्यापार वृद्धि के लिए प्रयास हो सकते हैं। समय अनुकूल है। विवाद को बढ़ावा न दें।

🙍‍♀️कन्या
प्रेम-प्रसंग में अनुकूलता रहेगी। कानूनी अड़चन दूर होगी। व्यवसाय लाभदायक रहेगा। वरिष्ठजनों का सहयोग व मार्गदर्शन प्राप्त होगा। भाग्य अनुकूल है। जोखिम उठाने का साहस कर पाएंगे। व्यस्तता रहेगी। थकान व कमजोरी महसूस हो सकती है। घर के वृ‍द्धजनों के स्वास्थ्य पर व्यय होगा। जल्दबाजी न करें। लाभ होगा।

⚖️तुला
चोट व दुर्घटना से हानि संभव है। जल्दबाजी न करें। जीवनसाथी से तनाव रह सकता है। विवाद को बढ़ावा न दें। किसी अन्य व्यक्ति के उकसावे में न आएं। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। झंझटों से दूर रहें। निवेश करने का सही समय नहीं है। दुष्टजन हानि पहुंचा सकते हैं। आय में कमी तथा तनाव रहेगा।

🦂वृश्चिक
परिवार में कोई मांगलिक कार्य का आयोजन हो सकता है। प्रमाद न करें। तीर्थदर्शन सुलभ हो सकते हैं। राजकीय बाधा दूर होकर लाभ की स्थिति बनेगी। नौकरी में तनाव रहेगा। कार्यभार बढ़ सकता है। व्यस्तता के चलते स्वास्थ्य खराब हो सकता है। शत्रु सक्रिय रहेंगे। व्यवसाय ठीक चलेगा।

🏹धनु
कार्यस्थल पर परिवर्तन संभव है। व्यापार वृद्धि के लिए योजना बनेगी। तत्काल लाभ नहीं मिलेगा। नए अनुबंध हो सकते हैं। लाभ में वृद्धि होगी। मान-सम्मान मिलेगा। किसी जरूरतमंद व्यक्ति की सहायता करने का अवसर प्राप्त होगा। पारिवारिक चिंता रहेगी। आशंका-कुशंका बने रहेंगे।

🐊मकर
भेंट व उपहार की प्राप्ति से मान बढ़ेगा। बेरोजगारी दूर होने के योग हैं। यात्रा लाभदायक रहेगी। शेयर मार्केट से लाभ होगा। जल्दबाजी न करें। प्रतिद्वंद्वी सक्रिय रहेंगे। समय की अनुकूलता का लाभ लें। बड़ा काम करने का मन बनेगा। भाग्य का साथ मिलता रहेगा।

🍯कुंभ
संपत्ति के कार्य लाभप्रद रहेंगे। कोई बड़ा कार्य हो सकता है। बेरोजगारी दूर करने के प्रयास सफल रहेंगे। लाभ के अवसर हाथ आएंगे। भाइयों से सहयोग प्राप्त होगा। निवेश शुभ रहेगा। नौकरी में अनुकूलता रहेगी। लापरवाही से कोई भी कार्य न करें। चोट व दुर्घटना का भय है। आशंका-कुशंका रहेगी। विवाद से बचें।

🐟मीन
भूले-बिसरे साथियों से मुलाकात होगी। उत्साहवर्धक सूचना प्राप्त होगी। कार्यों में गति आएगी। आत्मसम्मान बना रहेगा। कोई बड़ा काम करने का मन बनेगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। आय में वृद्धि होगी। निवेश शुभ रहेगा। परिवार के सदस्यों का सहयोग प्राप्त होगा। दुष्टजन हानि पहुंचा सकते हैं। शत्रुओं से सावधान रहें।

*🚩आपका दिन मंगलमय हो🚩*







You Tube: 

1. Youtube:  ग्रह वाणी   
https://youtube.com/shorts/xqc6820XshI?si=3BPhBlfPj8-AJ3Bo

2. Youtube:  B I News
https://youtu.be/VwwU7GSmc8o?si=Y4y_DG_etYEolPQ0


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🚩🚩भारत माता की जय🚩🚩

             आज का पञ्चांग, दिन शुक्रवार दिनांक 12/06/2026


                                     

                  🌞सुप्रभातम🌞 

      ⚜️««« *आज का पंचांग* »»»⚜️

       दिनांक:-  12/06/2026, शुक्रवार 

🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

 *द्वादशी, कृष्ण पक्ष,*

*अधिक ज्येष्ठ*

(समाप्ति काल)


तिथि---------- द्वादशी 19:35:59.   तक 

पक्ष-------------------------- कृष्ण

नक्षत्र--------- अश्विनी 06:27:40

नक्षत्र---------- भरणी 28:04:32

योग----------- अतिगंड 21:25:05

करण---------- कौलव 09:10:04

करण----------- तैतुल 19:35:59

वार----------------------- शुक्रवार

माह----------------- अधिक ज्येष्ठ

चन्द्र राशि-------------------    मेष

सूर्य राशि------------------    वृषभ

रितु-------------------------- ग्रीष्म

आयन------------------- उत्तरायण

संवत्सर------------------- पराभव

संवत्सर (उत्तर)------------------- रौद्र

विक्रम संवत--------------- 2083 

गुजराती संवत------------- 2082 

शक संवत----------------- 1948 

कलि संवत---------------- 5127

सूर्योदय--------------- 05:24:36

सूर्यास्त--------------- 19:13:41

दिन काल------------- 13:49:05

रात्री काल------------- 10:10:57

चंद्रास्त---------------- 16:19:34

चंद्रोदय--------------- 27:10:02

लग्न---- वृषभ 26°50' , 56°50'

सूर्य नक्षत्र--------------- मृगशिरा

चन्द्र नक्षत्र----------------- अश्विनी

नक्षत्र पाया------------------- स्वर्ण 


*🚩💮🚩  पद, चरण  🚩💮🚩*


ला---- अश्विनी 06:27:40


ली---- भरणी 11:54:50


 लू---- भरणी 17:19:56


ले---- भरणी 22:43:07


लो---- भरणी 28:04:32


*💮🚩💮    ग्रह गोचर    💮🚩💮*


        ग्रह =राशी   , अंश  ,नक्षत्र,  पद

============================

सूर्य=  वृषभ 26°12  ,     मृगशिरा    2    वो 

चन्द्र= मीन    12°30 ,      अश्विनी 4    ला 

बुध = मिथुन  20°52 '       पुनर्वसु   1    के 

शु क्र= मिथुन  03°05,      पुष्य   1     हु

मंगल= मेष 23° 17 °23    भरणी  4     लो

गुरु= कर्क  02°33     पुनर्वसु,    4       ही 

शनि=मीन 18°30 '        रेवती  , 1       दे 

राहू=(व) कुम्भ 09°26 शतभिषा,     1   गो

केतु= (व) सिंह 09°26       मघा   3      मू

============================


*🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩*


राहू काल 10:36 - 12:19 अशुभ

यम घंटा 15:46 - 17:30 अशुभ

गुली काल 07:08 - 08:52 अशुभ 

अभिजित 11:52 - 12:47 शुभ

दूर मुहूर्त 08:10 - 09:06 अशुभ

दूर मुहूर्त 12:47 - 13:42 अशुभ

वर्ज्यम 15:10 - 16:37 अशुभ

प्रदोष 19:14 - 21:17      शुभ


🚩गंड मूल 05:25 - 06:28 अशुभ


💮चोघडिया, दिन


चर 05:25 - 07:08 शुभ

लाभ 07:08 - 08:52 शुभ

अमृत 08:52 - 10:36 शुभ

काल 10:36 12:19 अशुभ

शुभ 12:19 - 14:03 शुभ

रोग 14:03 - 15:46 अशुभ

उद्वेग 15:46 - 17:30 अशुभ

चर 17:30 - 19:14 शुभ


🚩चोघडिया, रात


रोग 19:14 - 20:30 अशुभ

काल 20:30 21:46 अशुभ

लाभ 21:46 - 23:03 शुभ

उद्वेग 23:03 - 24:19* अशुभ

शुभ 24:19* - 25:36* शुभ

अमृत 25:36* - 26:52* शुभ

चर 26:52* - 28:08* शुभ

रोग 28:08* - 29:25* अशुभ


💮होरा, दिन


शुक्र 05:25 -06:34

बुध 06:34 -07:43

चन्द्र 07:43- 08:52

शनि 08:52- 10:01

बृहस्पति 10:01- 11:10

मंगल 11:10- 12:19

सूर्य 12:19 -13:28

शुक्र 13:28 -14:37

बुध 14:37- 15:46

चन्द्र 15:46 -16:56

शनि 16:56- 18:05

बृहस्पति 18:05 -19:14


🚩होरा, रात


मंगल 19:14 -20:05

सूर्य 20:05 -20:56

शुक्र 20:56- 21:46

बुध 21:46- 22:37

चन्द्र 22:37- 23:28

शनि 23:28- 24:19

बृहस्पति 24:19-25:10

मंगल 25:10-26:01

सूर्य 26:01- 26:52

शुक्र 26:52-27:43

बुध 27:43 -28:34

चन्द्र 28:34-29:25


*🚩उदयलग्न प्रवेशकाल  🚩* 

     

वृषभ   > 03:42 से  05:38   तक

मिथुन  > 05:38 से 07:52    तक

कर्क    > 07:52  से 10:12   तक

सिंह    > 10:12 से  12:28   तक

कन्या  > 12:28  से  14:42  तक

तुला   >  14:42 से  17:00   तक

वृश्चिक > 17:00 से  19:20   तक

धनु     > 19:20  से  21:24   तक

मकर   > 21:24 से  23:10   तक

कुम्भ   > 23:10  से  00:46  तक

मीन    > 00:46  से  02:14   तक

मेष     >  02:14 से  03:40  तक

=======================


*🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*


       (लगभग-वास्तविक समय के समीप) 

दिल्ली +10मिनट--------- जोधपुर -6 मिनट

जयपुर +5 मिनट------ अहमदाबाद-8 मिनट

कोटा   +5 मिनट------------ मुंबई-7 मिनट

लखनऊ +25 मिनट--------बीकानेर-5 मिनट

कोलकाता +54-----जैसलमेर -15 मिनट


*नोट*-- दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। 

प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है। 

चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।

शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥

रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।

अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥

अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।

उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।

शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।

लाभ में व्यापार करें ।

रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।

काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।

अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।


*💮दिशा शूल ज्ञान------------- पश्चिम*

परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा काजू खाके यात्रा कर सकते है l

इस मंत्र का उच्चारण करें-:

*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*

*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*


*🚩  अग्नि वास ज्ञान  -:*

*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*

*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*

*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*

*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।।* *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्*

*नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*


  15 + 12 + 6 + 1 = 34 ÷ 4 = 2 शेष

 आकाश लोक पर अग्नि वास हवन के लिए अशुभ कारक है l


*🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩*


सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु  आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है


राहु ग्रह मुखहुति


*💮    शिव वास एवं फल -:*


   27 + 27 + 5 = 59 ÷ 7 = 3 शेष


वृषाभारूढ = शुभ कारक


*🚩भद्रा वास एवं फल -:*


*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*

*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।*


*💮🚩    विशेष जानकारी   🚩💮*


 *प्रदोष व्रत (शिव पूजन)*


*सर्वार्थ सिद्धि योग 06:28 तक* 


*💮🚩💮   शुभ विचार   💮🚩💮*


निःस्पृहो नाधिकारी स्यान्नाकामो मण्डनप्रियः ।

नाऽविदग्धः प्रियंब्रूयात् स्पष्टवक्ता न वञ्चकः ।।

।।चाoनीo।।


 वह व्यक्ति जिसके हाथ स्वच्छ है कार्यालय में काम नहीं करना चाहता. जिस ने अपनी कामना को ख़तम कर दिया है, वह शारीरिक शृंगार नहीं करता, जो आधा पढ़ा हुआ व्यक्ति है वो मीठे बोल बोल नहीं सकता. जो सीधी बात करता है वह धोका नहीं दे सकता.


*🚩💮🚩  सुभाषितानि  🚩💮🚩*


गीता -:  अक्षरब्रह्मयोग अo-8


अभ्यासयोगयुक्तेन चेतसा नान्यगामिना।

 परमं पुरुषं दिव्यं याति पार्थानुचिन्तयन्‌॥


हे पार्थ! यह नियम है कि परमेश्वर के ध्यान के अभ्यास रूप योग से युक्त, दूसरी ओर न जाने वाले चित्त से निरंतर चिंतन करता हुआ मनुष्य परम प्रकाश रूप दिव्य पुरुष को अर्थात परमेश्वर को ही प्राप्त होता है

 ॥8॥


*💮🚩   दैनिक राशिफल   🚩💮*


देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।

नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।

विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।

जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।


🐏मेष

व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। आय बढ़ेगी। घर-बाहर प्रसन्नता रहेगी। अपने व्यसनों पर नियंत्रण रखते हुए कार्य करना चाहिए। व्यापार में कर्मचारियों पर अधिक विश्वास न करें। आर्थिक स्थिति मध्यम रहेगी। बकाया वसूली के प्रयास सफल रहेंगे।


🐂वृष

भूले-बिसरे साथियों से मुलाकात होगी। उत्साहवर्धक सूचना मिलेगी। मान बढ़ेगा। व्यवसाय ठीक चलेगा। अपनी बुद्धिमत्ता से आप सही निर्णय लेने में सक्षम होंगे। विकास की योजनाएं बनेंगी। निजीजनों में असंतोष हो सकता है। व्यापार में इच्छित लाभ होगा।


👫मिथुन

धन प्राप्ति सुगम होगी। प्रसन्नता रहेगी। भूमि, आवास की समस्या रह सकती है। आजीविका में नवीन प्रस्ताव मिलेगा। दांपत्य जीवन सुखद रहेगा। संतान से कष्ट रहेगा। मेहनत का फल मिलेगा। घर-बाहर पूछ-परख रहेगी। थकान रहेगी।


🦀कर्क

वाहन व मशीनरी के प्रयोग में सावधानी रखें। वस्तुएं संभालकर रखें। स्वास्थ्य पर व्यय होगा। विवाद न करें। यात्रा में अपनी वस्तुओं को संभालकर रखें। कर्म के प्रति पूर्ण समर्पण व उत्साह रखें। अधीनस्थों की ओर ध्यान दें। आर्थिक स्थिति अच्छी रहेगी।


🐅सिंह

दूसरों से अपेक्षा न करें। चिंता तथा तनाव रहेंगे। थकान रहेगी। जोखिम न लें। विवाद से बचें। राजकीय सहयोग मिलेगा एवं इस क्षेत्र के व्यक्तियों से संबंध बढ़ेंगे। विद्यार्थियों को प्रतियोगिता में सफलता मिलेगी। व्यापार अच्छा चलेगा। वाणी पर संयम रखें।


🙍‍♀️कन्या

किसी आनंदोत्सव में भाग लेने का अवसर मिलेगा। रचनात्मक कार्य सफल रहेंगे। व्यवसाय ठीक चलेगा। कामकाज में धैर्य रखने से सफलता मिल सकेगी। योजनाएं फलीभूत होंगी। मित्रों में आपका वर्चस्व बढ़ेगा। स्वास्थ्य की ओर ध्यान दें।


⚖️तुला

भाग्योन्नति के प्रयास सफल रहेंगे। भेंट व उपहार की प्राप्ति होगी। यात्रा, निवेश व नौकरी मनोनुकूल रहेंगे। जोखिम न लें। व्यावसायिक चिंता दूर हो सकेगी। स्वयं के सामर्थ्य से ही भाग्योन्नति के अवसर आएंगे। योजनाएं फलीभूत होंगी।


🦂वृश्चिक

संपत्ति के कार्य लाभ देंगे। परीक्षा व साक्षात्कार आदि में सफलता मिलेगी। प्रसन्नता रहेगी। धनार्जन होगा। समाज में प्रसिद्धि के कारण सम्मान में बढ़ौत्री होगी। आजीविका में नवीन प्रस्ताव मिलेंगे। परिवार की समस्याओं को अनदेखा न करें।


🏹धनु

समय ठीक नहीं है। वाहन, मशीनरी व अग्नि के प्रयोग में सावधानी रखें। लेन-देन में सावधानी रखें। विवाद न करें। दांपत्य जीवन सुखद रहेगा। सकारात्मक विचारों के कारण प्रगति के योग आएंगे। कार्यपद्धति में विश्वसनीयता बनाए रखें।


🐊मकर

प्रेम-प्रसंग में अनुकूलता रहेगी। राजकीय काम बनेंगे। व्यवसाय ठीक चलेगा। चिंता रहेगी। जोखिम न उठाएं। संतान से मदद मिलेगी। आर्थिक स्थिति में प्रगति की संभावना है। अचानक धन की प्राप्ति के योग हैं। क्रोध एवं उत्तेजना पर संयम रखें।


🍯कुंभ

नए अनुबंध होंगे। यात्रा, निवेश व नौकरी मनोनुकूल रहेंगे। झंझटों में न पड़ें। शत्रु सक्रिय रहेंगे। कार्य की प्रवृत्ति में यथार्थता व व्यावहारिकता का समावेश आवश्यक है। व्यापार में नई योजनाओं पर कार्य नहीं होंगे। जीवनसाथी का ध्यान रखें।


🐟मीन

धर्म-कर्म में रुचि बढ़ेगी। राजकीय बाधा दूर होगी। वरिष्ठजन सहयोग करेंगे। स्वास्थ्य का ध्यान रखें। बुद्धि एवं तर्क से कार्य में सफलता के योग बनेंगे। यात्रा कष्टप्रद हो सकती है। अतः उसका परित्याग करें। व्यापार लाभप्रद रहेगा।


*🚩आपका दिन मंगलमय हो🚩*







You Tube: 

1. Youtube:  ग्रह वाणी   
https://youtube.com/shorts/xqc6820XshI?si=3BPhBlfPj8-AJ3Bo

2. Youtube:  B I News
https://youtu.be/VwwU7GSmc8o?si=Y4y_DG_etYEolPQ0


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