Latest Post

पितृपक्ष में भूलकर भी न करें ये 7 काम, नाराज हो सकते हैं पितर?

पितृपक्ष में भूलकर भी न करें ये 7 काम, नाराज हो सकते हैं पितर?
पितृपक्ष में पूर्वजों के श्राद्ध और तर्पण का विशेष महत्व माना जाता है. आचार्य मदनमोहन ने बताया कि इन दिनों शुभ काम, मांस-मदिरा, कलह, अपशब्द और असहायों को परेशान करने से बचना चाहिए. जानें पितृपक्ष के 7 जरूरी नियम.


हिंदू धर्म में पितृपक्ष को पूर्वजों के प्रति श्रद्धा और स्मरण का समय माना जाता है. इस दौरान लोग अपने पितरों के लिए श्राद्ध, तर्पण और पिंडदान करते हैं. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इन दिनों घर के वातावरण को शांत और सात्विक रखना चाहिए. आचार्य मदनमोहन ने बताया कि पितृपक्ष में कुछ ऐसे काम हैं जिन्हें करने से बचने की सलाह दी जाती है. आइए जानते हैं वे कौन-से 7 काम हैं.







शुभ काम करने से बचें

आचार्य मदनमोहन ने बताया कि पितृपक्ष को पूर्वजों को समर्पित समय माना जाता है. इसलिए इस दौरान शादी, सगाई, गृह प्रवेश या नया कारोबार शुरू करने जैसे शुभ कामों को टालने की धार्मिक मान्यता है. इसी तरह नई गाड़ी, प्रॉपर्टी या कोई बड़ी खरीदारी करने से भी बचने की सलाह दी जाती है. साथ ही पितृपक्ष में सादगी और मनन-चिंतन का भाव रखने की परंपरा है. इसलिए इस दौरान नए कपड़े खरीदने या पहनने से बचने की सलाह दी जाती है. हालांकि, दान करने के लिए वस्त्र खरीदे जा सकते हैं.

मांस-मदिरा से रखें दूरी

आचार्य के मुताबिक, पितृपक्ष में सात्विक भोजन करने की परंपरा है। इसलिए मांस और मदिरा जैसे तामसिक माने जाने वाले पदार्थों से दूर रहने की सलाह दी जाती है. इन दिनों घर का माहौल शांत रखने पर जोर दिया जाता है. परिवार के सदस्यों को आपसी विवााद, गुस्सा और झगड़े से बचना चाहिए. धार्मिक मान्यता के अनुसार, पितृपक्ष में सकारात्मक और शांत वातावरण रखनाा शुभ माना जाता है.

असहाय और पशु-पक्षियों को न सताएं

आचार्य मदनमोहन के अनुसार, इस दौरान किसी असहाय व्यक्ति को परेशान नहीं करना चाहिए. पशु-पक्षियों के प्रति भी दया और करुणा का व्यवहार रखने की सलााह दी जाती है. साथ ही पितृपक्ष में श्राद्ध और तर्पण का विशेष महत्व माना गया है. परिवार की परंपरा के अनुसार पूर्वजों का श्राद्ध करनाा इस अवधि का प्रमुख धार्मिक कर्म है.

अपशब्द और झूठ बोलने से बचें

पितृपक्ष में वाणी और व्यवहार को संयमित रखने की सलाह दी जाती है. किसी को अपशब्द कहना, झूठ बोलना या जानबूझकर किसी को दुख पहुंचााना धार्मिक रूप से उचित नहीं मानाा जाता है.

नीम करौली बाबा की बेटी ने 15 बार देखी 'हनुमान अंश' हर बार रो पड़ीं, प्रोड्यूसर रागिनी बोलीं- बाबा की झलक दिखती है

'हनुमान अंश' इस साल की सबसे बड़ी बॉक्स-ऑफिस सरप्राइज फिल्मों में से एक बन गई है, जिसने दुनिया भर में 329.30 करोड़ की कमाई की. 'स्क्रीन' के साथ एक इंटरव्यू में रागिनी ने नीम करौली बाबा की बेटी गिरिजा जी (जिन्हें वह अम्मा जी कहती हैं) से मिलने के बारे में विस्तार से बात की.
नीम करौली बाबा की बेटी ने 15 बार देखी 'हनुमान अंश' हर बार रो पड़ीं, प्रोड्यूसर रागिनी बोलीं- बाबा की झलक दिखती है


नई दिल्ली:

हनुमान अंश (Hanuman Ansh) इस साल की सबसे बड़ी बॉक्स-ऑफिस सरप्राइज फिल्मों में से एक बन गई है, जिसने दुनिया भर में 329.30 करोड़ की कमाई की. हालांकि, प्रोड्यूसर रागिनी सोना के लिए फिल्म का सफर उन आध्यात्मिक अनुभवों से अलग नहीं किया जा सकता जो इसके बनने के दौरान हुए थे. 'स्क्रीन' के साथ एक इंटरव्यू में रागिनी ने नीम करौली बाबा की बेटी गिरिजा जी (जिन्हें वह अम्मा जी कहती हैं) से मिलने के बारे में विस्तार से बात की. प्रोड्यूसर ने बताया कि कैसे फिल्म रिलीज होने से पहले टीम ने उनका आशीर्वाद लेने के लिए उनसे संपर्क किया था और कैसे वह बातचीत बाद में बहुत निजी हो गई.







'हनुमान अंश' ने नीम करौली बाबा में नई दिलचस्पी जगाई है. अब UP कैंची धाम जैसा मेकओवर करने की योजना बन रही है. रागिनी ने यह भी बताया कि अम्मा जी ने कई बार फिल्म देखी है और उनका मानना ​​है कि 'हनुमान अंश' की सफलता में नीम करौली बाबा का आशीर्वाद शामिल है. रागिनी ने बताया कि उन्होंने और फिल्ममेकर विशाल चतुर्वेदी ने फिल्म रिलीज होने से पहले नीम करौली बाबा की बेटी से संपर्क करने की कोशिश की थी. रागिनी ने कहा, "मैं नीम करौली बाबा की बेटी गिरिजा जी से मिली. हमने उनका कॉन्टैक्ट नंबर ढूंढने की कोशिश की और उनसे मिलने गए क्योंकि विशाल भी चाहते थे कि हम एक बार उनका आशीर्वाद लें. "उन्होंने याद किया कि बाद में उन्होंने विशाल और अम्मा जी ने फोन पर बात की और पूछा कि क्या वह फिल्म देखना चाहेंगी.





रागिनी ने दावा किया और उन्होंने कहा, 'हां, मैं फिल्म तब देखूंगी जब मुझे लगेगा कि सही समय आ गया है.' आज तक बाबा की बेटी ने फिल्म लगभग 15 बार देखी है और हर बार वह रोई हैं."प्रोड्यूसर के अनुसार, अम्मा जी ने पूछा कि उन्हें नीम करौली बाबा पर फिल्म बनाने की प्रेरणा कैसे मिली. रागिनी ने छह साल की उम्र में बाबा से मिलने की अपनी यादें साझा कीं, जबकि विशाल ने इस प्रोजेक्ट के लिए की गई रिसर्च के बारे में बताया.‘उन्होंने मेरे पिता का नाम लिया और मुझे उनका पता बताया इसके बाद रागिनी ने एक घटना बताई जिसे उन्होंने "चमत्कार" कहा. उन्होंने कहा उनके पिता कभी नैनीताल में पोस्टेड थे. रागिनी के अनुसार, अम्मा जी ने तुरंत उनके परिवार के बारे में ऐसी जानकारी दी जो उन्हें पहले नहीं बताई गई थी. रागिनी ने कहा, "अम्मा जी ने तुरंत मेरे पिता का नाम लिया, आगरा में मेरे पिता के घर की सही जगह बताई और यह लगभग 50 साल पुरानी बात है."

उन्होंने आगे कहा कि अम्मा जी ने उनके बड़े भाई का नाम भी लिया. मैं इससे बड़े चमत्कार के बारे में सोच भी नहीं सकती और बताया कि कॉल के दौरान विशाल भी मौजूद थे. रागिनी ने याद किया कि उन्होंने पूछा था कि अम्मा जी को ये बातें कैसे पता चलीं. उन्होंने कहा, मैं रो रही थी और मैंने उनसे पूछा, 'आपको यह सब कैसे पता?' इस पर अम्मा जी ने जवाब दिया, 'मेरे पास तुम्हारे सवाल का कोई जवाब नहीं है, लेकिन मैं सब कुछ देख सकती थी. रागिनी के लिए उस बातचीत ने उनके इस विश्वास को और मजबूत किया कि उन्हें इस फिल्म का हिस्सा बनने के लिए चुना गया था. उन्होंने आगे कहा, इस अनुभव के बाद मुझे यकीन हो गया कि बाबा ने ही मुझे इतने बड़े काम का हिस्सा बनने के लिए चुना था.  


 





गिरिजा जी में नीम करौली बाबा की झलक दिखी

रागिनी ने गिरिजा जी से आमने-सामने हुई मुलाकात के बारे में भी बात की और कहा कि उन्हें उनमें और नीम करौली बाबा में काफी समानता महसूस हुई. उन्होंने कहा, फिल्म बनाने से पहले हमें पता भी नहीं था कि बाबा की बेटी अभी भी जीवित हैं. और जब हम उनसे मिले, तो हमने देखा कि वह बिल्कुल बाबा जैसी ही हैं. मुझे ऐसा लगा जैसे उनमें खुद बाबा ही मौजूद हों. प्रोड्यूसर ने आगे कहा कि गिरिजा जी आज भी बाबा की शिक्षाओं का पालन करती हैं, खासकर इस संदेश का: "सबको प्यार करो, सबको खाना खिलाओ."रागिनी ने उनके घर पर खाना खाने का अनुभव भी साझा किया और उसे बेहद आध्यात्मिक बताया.उन्होंने कहा, "उनके घर पर जो खाना हमने खाया, उसका स्वाद बहुत ही दिव्य था और उसकी मात्रा अपने आप बढ़ जाती थी. मैं वहां बाबा की मौजूदगी को बहुत गहराई से महसूस कर सकती थी."

टीम नीम करौली बाबा के पोते से भी मिली

रागिनी ने बताया कि 'हनुमान अंश' की टीम हाल ही में नीम करौली बाबा के पोते धनंजय जी से भी मिली. उन्होंने कहा, "हाल ही में, हम बाबा के पोते धनंजय जी से भी मिले. वे बाबा की तरह ही बहुत सरल लोग हैं. वे बहुत प्यार करने वाले लोग हैं और हम बाबा जी के आभारी हैं कि ये लोग अभी भी हमारे बीच हैं और हमें उनका आशीर्वाद मिला.  उन्होंने कहा, धनंजय जी को भी मेरा नमन, क्योंकि वे बाबा का असली अंश हैं. रागिनी ने बाबा के बारे में लोगों में उत्सुकता जगाने का श्रेय विराट कोहली और अनुष्का शर्मा को दिया. रागिनी ने कहा कि उन्हें लगता है कि इस कपल को अपने गहरे निजी अनुभव रहे होंगे, हालांकि ऐसी बातों को शब्दों में बयां करना हमेशा आसान नहीं होता.   लेकिन कई बार लोग इसके बारे में खुलकर बात नहीं करते क्योंकि इसे शब्दों में नहीं, बल्कि सिर्फ महसूस किया जा सकता है." रागिनी के लिए, 'हनुमान अंश' अब लोगों के लिए नीम करौली बाबा के बारे में जानने का एक और जरिया बन गया है.  

वेश्यावृत्ति करो या फिर 7 साल की उम्र में शादी तय; गुजरात के इस गांव में लड़कियों के पास बचते हैं दो ही रास्ते

लोककथाओं के अनुसार, सारणिया समुदाय एक खानाबदोश जनजाति है, जो कभी मेवाड़ के महाराणा प्रताप की सेना के साथ यात्रा करती थी. जहां पुरुष ढाल और तलवार जैसे हथियारों को धार देते थे.







बच्ची की 'सगाई' या वेश्यावृत्ति. इस 'वेश्याओं के गांव' की लड़कियों के सामने यही कड़वा विकल्प है. यहां लड़कियों की शादी सात साल की उम्र में ही तय कर दी जाती है ताकि वे उस जाल से बच सकें, जिसमें उनकी मांएं और दादी-नानियां फंस गईं थीं.

गुजरात के बड़े शहर अहमदाबाद से 200 किलोमीटर दूर और जेंडर इक्वालिटी (स्त्री-पुरुष समानता) की चाह रखने वाले भारत से बिल्कुल अलग, वाडिया गांव की महिलाएं इतिहास से थोपी गई भूमिकाओं से आजाद होने के लिए संघर्ष कर रही हैं. पीढ़ियों से, खानाबदोश जनजाति वाले इस गांव की महिलाओं को जबरन देह-व्यापार में धकेला जाता रहा है, जबकि पुरुष उनके एजेंट का काम करते हैं. यह सिलसिला आज भी जारी है.

धीरे-धीरे आ रहा बदलाव

एक परेशान करने वाली रस्म के तहत, बनासकांठा जिले के इस 750 लोगों वाले गांव के पुरुष हर सुबह पालनपुर-थराद हाईवे पर जाते हैं. वे हाईवे पर काम की तलाश में नहीं, बल्कि ट्रक ड्राइवरों, राहगीरों और आस-पास के गांवों व शहरों के पुरुषों को अपने गांव की महिलाओं के लिए ग्राहक बनाने के लिए लाइन में खड़े होते हैं.





अपनी बेटियों की सगाई करवाना यहां एक सुरक्षा-कवच माना जाता है; यह उन्हें देह-व्यापार में धकेले जाने से पहले गांव से बाहर शादी करने का एक मौका देता है. गांव में पली-बढ़ी 19 साल की एक लड़की इस टकराव की मिसाल है. उसकी मां और दादी, दोनों ही सेक्स वर्कर हैं. वह दूर के एक कॉलेज में नर्स बनने की पढ़ाई कर रही है.यह एक ऐसा सपना था, जो कभी नामुमकिन लगता था. उसकी शादी भी हो चुकी है; उसके दूल्हे का चुनाव तब किया गया था जब वह सिर्फ 11 साल की थी.

लड़की ने नाम न बताने की शर्त पर बताया कि, "मैं अपने पिता और चाचा को अपनी मां और दादी के लिए ग्राहक लाते हुए देखकर बड़ी हुईं हूं, जब तक कि वे ग्राहकों की इच्छाएं पूरी करने के 'लायक' नहीं रह गईं. मेरी मां ने मुझे बताया कि उन्हें इसके लिए मजबूर नहीं किया गया था, बल्कि यह एक आम बात थी, जिसे गरीबी की वजह से हर कोई मानता था. इसी वजह से मेरी मां को यह भी पक्का नहीं था कि मेरे पिता ही मेरे असली पिता हैं या नहीं. लेकिन मेरी मां ने तय किया कि वह मुझे इस काम में नहीं धकेलेंगी... 11 साल की उम्र में एक सामूहिक समारोह में मेरी सगाई हुई और 18 साल की उम्र में शादी हो गई." वह ऐसी कई लड़कियों में से एक है.

पीढ़ियों से भोग रहीं ये दंश

समाज सेवकों और कुछ परिवारों की पहल पर, आस-पास के गांवों या रिश्तेदारों की 7 से 12 साल की लड़कियों की सगाई तय की जाती है. गांव वालों ने एक बिना लिखा नियम माना है - जिन लड़कियों की सगाई 






या शादी हो चुकी है, उन्हें वेश्यावृत्ति में नहीं धकेला जाता. बाहर से आने वालों पर कड़ी नजर रखी जाती है. एक ग्रामीण ने बताया कि जिस्मफरोशी के धंधे में शामिल ज्यादातर औरतें घर के अंदर ही रहती हैं, जबकि परिवार के मर्द या दलाल उनके लिए ग्राहक लाते हैं. गांव के 750 निवासियों में लगभग 350 औरतें हैं.

पिता का पता न होने के कलंक की वजह से, वाडिया की औरतें पीढ़ियों तक कुंवारी ही रहीं.

चंद्रा सरानिया ने बताया, "जब मैं अपनी बेटी की शादी करना चाहती थी, तो मुझसे कहा गया कि इसे यहां की लड़कियों की किस्मत मानकर स्वीकार कर लूं और बगावत न करूं. मैंने अपनी बेटी की सगाई 12 साल की उम्र में और शादी 18 साल की उम्र में की. लड़के वालों ने सगाई पक्की करने के लिए हमें 1 रुपया और मेरी बेटी को कुछ कपड़े दिए." चंद्रा को महज 15 साल की उम्र में वेश्यावृत्ति के लिए मजबूर किया गया था और अब वह एक छोटी सी डेयरी चलाती हैं.

सरकार ने 1963 में उनके परिवार को खेती की जमीन दी थी, लेकिन गांव में सिंचाई की सुविधाओं की कमी के कारण उन्हें सेक्स वर्क (देह व्यापार) में उतरना पड़ा. चंद्रा ने सेक्स ट्रेड से हुई कमाई से तीन बच्चों - दो बेटों और एक बेटी - की परवरिश की, लेकिन वह पक्का इरादा कर चुकी थीं कि उनके अतीत की परछाई उनके बच्चों, खासकर उनकी बेटी के भविष्य पर न पड़े.

2012 से आया बदलाव

2012 में बदलाव की एक उम्मीद जगी, जब पहला सामूहिक विवाह समारोह आयोजित किया गया. इससे पहले NGO ने कुछ परिवारों को अपनी बेटियों को जिस्मफरोशी के धंधे में न धकेलने के लिए मना लिया था. तब से, वाडिया में हर साल ऐसी शादियां या सगाई होती रही हैं.

NGO 'विचर्ता समुदाय समर्थन मंच' (VSSM) की संस्थापक मित्तल पटेल, जिन्होंने सामूहिक विवाह आयोजित करने की पहल की थी, ने कहा कि इस प्रथा ने कई लड़कियों को जबरदस्ती वेश्यावृत्ति में धकेले जाने से बचाया है.

पटेल ने कहा, "परिवारों को अपनी बेटियों को इस धंधे में धकेलने से रोकना, साहूकार बनकर घूमने वाले दलालों का सामना करना, समाज को इस घिनौनी प्रथा के बारे में जागरूक करना, माता-पिता को बच्चों को पढ़ाने के लिए मनाना, गांव में पहली बार सामूहिक विवाह समारोह आयोजित करना, 160 में से 90 परिवारों को यह धंधा छोड़ने के लिए राजी करना... यह बदलाव बिल्कुल भी आसान नहीं था."

मित्तल ने PTI को बताया, "एक बार जब लड़कियों की सगाई हो जाती है, तो लड़के का परिवार भी उनकी सुरक्षा करने लगता है. बोरवेल और झीलों को फिर से चालू करने, खेती की जमीन को उपजाऊ बनाने और परिवारों को अपना कारोबार शुरू करने के लिए बिना ब्याज के लोन देने जैसी कोशिशों से यहां रोजगार के दूसरे जरिया बने हैं. हम इसे 12-13 साल की कम उम्र की लड़कियों को वेश्यावृत्ति में धकेले जाने से रोकने के एक तरीके के तौर पर देखते हैं."

पटेल के मुताबिक, कुछ एक्टिविस्ट ने बाल विवाह को बढ़ावा मिलने पर चिंता जताई है, लेकिन वेश्यावृत्ति की तुलना में बच्चे की सगाई बेहतर है, और आखिरकार बिना शादी या सम्मानजनक जिंदगी जीने से तो यह कहीं बेहतर है. कुछ माता-पिता के लिए, यह अपनी बेटी को शिक्षा और बेहतर जिंदगी देने का एक जरिया भी है. जैसे रमेशभाई सारणिया, जिनकी दो बेटियां हैं; एक की सगाई आठ साल की उम्र में और दूसरी की 11 साल की उम्र में हुई थी.

सारणिया ने कहा, "अब दोनों की शादी हो चुकी है और उन्होंने अपनी स्कूली पढ़ाई भी पूरी कर ली है. मैंने अपने भाई से भी लड़ाई की थी ताकि उसकी बेटियां इस धंधे में न पड़ें. आज भी हमें अपनी लड़कियों के लिए दूल्हे ढूंढने में मुश्किल होती है क्योंकि गांव के नाम के साथ एक कलंक जुड़ा है, लेकिन फिर भी यह उनके जिस्मफरोशी के धंधे में पड़ने से बेहतर है."

सारणिया समुदाय का इतिहास

लोककथाओं के अनुसार, सारणिया समुदाय एक खानाबदोश जनजाति है जो कभी मेवाड़ के महाराणा प्रताप की सेना के साथ यात्रा करती थी. जहां पुरुष ढाल और तलवार जैसे हथियारों को धार देते थे, वहीं महिलाएं सैनिकों का मनोरंजन करती थीं. कहा जाता है कि जब 1947 में भारत को आजादी मिली, तो सारणिया लोगों का काम छूट गया और कोई दूसरा विकल्प न होने के कारण वे गुजारा करने के लिए वेश्यावृत्ति के धंधे में लौट आए. 'वेश्याओं के गांव' का ठप्पा हटाने के लिए संघर्ष कर रहे वाडिया गांव के लोगों को वर्तमान की लड़ाई और भविष्य की चुनौतियों का सामना करते हुए, अभी भी अपने अतीत से निपटना है.

Note: इस खबर को दिखाने का मुख्य आशय सामाज में जागरुकता को बढ़ावा देना है जिससे बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ की बजाए उनके भविष्य को सुाक्षित किया जा सके।

त्योहारों के इस मौसम में सबसे सस्ती कार घर लाने के लिए, 4.69 लाख से कीमत शुरू, Tiago से Creta तक शामिल

भारत में आप सस्ते में भी Electric Cars खरीद सकते हैं. इसके लिए आपको BaaS (Battery-as-a-Service) का ऑप्शन सेलेक्ट करना होगा. इस लिस्ट में Tata Tiago EV से Creta EV और Maruti e Vitara तक शामिल हैं. इस दिवाली आप इन कारों के ऑप्शन को देख सकते हैं.

त्योहारों के इस मौसम में सबसे सस्ती कार घर लाने के लिए, 4.69 लाख से कीमत शुरू, Tiago से Creta तक शामिल

इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (EVs) की डिमांड लगातार बढ़ रही है. दिवाली भी पास आ रही है. ऐसे में अगर आप भी EV कार खरीदना चाह रहे हैं तो अब सही समय आ गया है. हालांकि, कई लोगों के मन में होता है कि इसके 

लिए ज्यादा पैसे खर्च करने होते हैं. लेकिन, ऐसा नहीं है. ज्यादातर कंपनियां  Battery-as-a-Service (BaaS) का ऑप्शन देती है. इससे आप कम बजट में ही अपने लिए इलेक्ट्रिक कार खरीद सकते हैं. Tata से लेकर Maruti तक के ऑप्शन आपके पास हैं. बैटरी-एज-ए-सर्विस पर गाड़ी खरीदने से पहले से आइए समझते हैं, क्या होता है ये और कैसे करता है काम. 






बैटरी-एज-ए-सर्विस (BaaS) कार बैटरी पैक के लिए एक सब्सक्रिप्शन या 'किराए' का प्लान है. इसके तहत ग्राहक को कार खरीदते समय बैटरी की भारी-भरकम कीमत नहीं चुकानी पड़ती है. इसका फायदा ये होता है कि कार का ऑन-रोड दाम काफी हद तक कम हो जाता है. ग्राहक को केवल गाड़ी खरीदने के बाद उसके तय किए गए किलोमीटर के हिसाब से बैटरी का रेंट देना पड़ता है. 

Tata Tiago EV: कम कीमत में नई शुरुआत

BaaS शुरुआती कीमत: 4.69 लाख रुपये + 2.6 रुपये प्रति किलोमीटर

अगर बिना BaaS के खरीदना चाहते हैं तो आपको इसके लिए 6.99 लाख की शुरुआती कीमत खर्च करनी होगी. Tata Tiago EV भारत की सबसे सस्ती और प्रैक्टिकल इलेक्ट्रिक हैचबैक कार है. बिना बैटरी के (BaaS स्कीम के तहत) 






इसकी शुरुआती कीमत सीधे 2.30 लाख रुपये कम होकर केवल 4.69 लाख रुपये रह जाती है. हालांकि, इसके बाद ग्राहकों को बैटरी इस्तेमाल करने के एवज में प्रति किलोमीटर केवल 2.6 रुपये की दर से सब्सक्रिप्शन फीस देनी होती है.

MG Comet EV: शहरों के लिए छोटी गाड़ी


BaaS शुरुआती कीमत: 4.99 लाख रुपये + 3.2 रुपये प्रति किलोमीटर 

बिना BaaS के इसकी कीमत 7.63 लाख रुपये से शुरू होती है. MG की यह कॉम्पैक्ट और स्टाइलिश टू-डोर इलेक्ट्रिक कार शहरों में काफी पॉपुलर हो रही है. इसके बेस वेरिएंट्स में 17.3kWh और हाई वेरिएंट्स में 17.4kWh की बैटरी मिलती है. BaaS के तहत इसकी शुरुआती कीमत सीधे 2.64 लाख कम होकर 4.99 लाख रुपये रह जाती है. इसके बाद ग्राहकों को प्रति किलोमीटर 3.2 रुपये का बैटरी किराया चुकाना होता है. आपको बता दें कि जब MG ने पहली बार इस कार को BaaS के साथ पेश किया था, तब इसकी शुरुआती सब्सक्रिप्शन दर काफी कम यानी 2.5 रुपये प्रति किलोमीटर थी.

 बाबूपुरवा में DCP दक्षिण की पैदल गश्त, सुरक्षा व्यवस्था का लिया जायजा

प्रमुख मार्गों, बाजारों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में पुलिस की सक्रियता पर जोर, आमजन से संवाद कर सुरक्षा का लिया फीडबैक

बाबूपुरवा में DCP दक्षिण की पैदल गश्त, सुरक्षा व्यवस्था का लिया जायजा


कानपुर। शहर में शांति एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से पुलिस उपायुक्त दक्षिण दीपेंद्र नाथ चौधरी ने थाना बाबूपुरवा क्षेत्र में पैदल गश्त कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने चौकी चार राड़ के आसपास प्रमुख मार्गों, बाजारों और भीड़भाड़ वाले स्थानों का निरीक्षण करते हुए पुलिस की सक्रिय उपस्थिति सुनिश्चित की।

पैदल गश्त के दौरान पुलिस उपायुक्त दक्षिण ने स्थानीय दुकानदारों और आमजन से संवाद किया तथा क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने लोगों से शांति एवं सौहार्द बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि अथवा व्यक्ति की जानकारी तत्काल पुलिस को दी जाए।

गश्त के दौरान संबंधित पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को क्षेत्र में लगातार सतर्क रहने, नियमित पैदल गश्त करने तथा संवेदनशील स्थानों पर प्रभावी निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए गए।

पुलिस उपायुक्त दक्षिण ने स्पष्ट किया कि क्षेत्र में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की प्राथमिकता है। किसी भी प्रकार की अवांछनीय गतिविधि की सूचना मिलने पर तत्काल आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

                                                                                                      


आज का पांचांग दिन सोमवार दिनांक 21/09/2026



                  🌞सुप्रभातम🌞 

📜««« *आज का पंचांग* »»»📜

           🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹.            

*दिनाँक:-21/09/2026,सोमवार*

*दशमी, शुक्ल पक्ष,* 

*भाद्रपद*

(समाप्ति काल)


तिथि-------- दशमी   20:00:17      तक 

पक्ष----------------------- शुक्ल

नक्षत्र---- उत्तराषाढा 31:05:55

योग---------- शोभन 16:04:39

करण--------- तैतुल 06:58:18

करण------------ गर 20:00:17

वार--------------------- सोमवार

माह--------------------  भाद्रपद

चन्द्र राशि------- धनु 11:14:04

चन्द्र राशि----- मकर 11:14:04

सूर्य राशि------------------ कन्या

रितु------------------------ शरद

आयन---------------- दक्षिणायन

संवत्सर----------------- पराभव

संवत्सर (उत्तर)---------------- रौद्र

विक्रम संवत------------- 2083

गुजराती संवत------------ 2082

शक संवत---------------- 1948

कलि संवत--------------- 5127

सूर्योदय‐------------ 06:08:13

दिन काल----------- 12:07:44

चंद्रोदय-------------- 15:06:17

सूर्यास्त-------------- 18:15:58

रात्री काल----------- 11:52:43

चंद्रास्त-------------- 25:44:27

लग्न----कन्या 3°50', 153°50'

सूर्य नक्षत्र-------- उत्तराफाल्गनी

चन्द्र नक्षत्र------------ उत्तराषाढा

नक्षत्र पाया----------------- ताम्र 


*💮🚩💮  पद, चरण  💮🚩💮*


भे---- उत्तराषाढा 11:14:04


भो---- उत्तराषाढा 17:52:59


जा---- उत्तराषाढा 24:30:19


*💮🚩💮    ग्रह गोचर    💮🚩💮*


        ग्रह =राशी   , अंश  ,नक्षत्र,  पद

============================

सूर्य=  कन्या 03°30  , उoफाo      3      पा

चन्द्र= धनु      26°30 ,  उoषाo  1       भे

बुध = कन्या  22°52 '    हस्त   4        ठ

शु क्र= तुला 11°05,      स्वाति     2      रे

मंगल= कर्क  01°17    पुनर्वसु   4      ही

गुरु= कर्क  23°33   आश्लेषा ,    3       डे

शनि=मीन 18°10 '        रेवती  , 1       दे 

राहू=(व) कुम्भ 04°05  धनिष्ठा ,   4      गे

केतु= (व) सिंह 04°05      मघा   2      मी

============================


*🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩*


राहू काल 07:39 - 09:10 अशुभ

यम घंटा 10:41 - 12:12 अशुभ

गुली काल 13:43 - 15:14 अशुभ 

अभिजित 11:48 - 12:36 शुभ

दूर मुहूर्त 12:36 - 13:25 अशुभ

दूर मुहूर्त 15:02 - 15:50 अशुभ

वर्ज्यम 13:27 - 15:14 अशुभ

प्रदोष 18:16 - 20:40.     शुभ


💮चोघडिया, दिन


अमृत 06:08 - 07:39 शुभ

काल 07:39 - 09:10 अशुभ

शुभ 09:10 - 10:41 शुभ

रोग 10:41 - 12:12 अशुभ

उद्वेग 12:12 - 13:43 अशुभ

चर 13:43 15:14 शुभ

लाभ 15:14 16:45 शुभ

अमृत 16:45 - 18:16 शुभ


🚩चोघडिया, रात


चर 18:16-19:45 शुभ

रोग 19:45 - 21:14 अशुभ

काल 21:14 22:43 अशुभ

लाभ 22:43 - 24:12* शुभ

उद्वेग 24:12* - 25:41* अशुभ

शुभ 25:41* - 27:11* शुभ

अमृत 27:11* - 28:40* शुभ

चर 28:40* - 30:09* शुभ


💮होरा, दिन


चन्द्र 06:08 -07:09

शनि 07:09- 08:10

बृहस्पति 08:10- 09:10

मंगल 09:10 -10:11

सूर्य 10:11-1111

शुक्र 11:11- 12:12

बुध 12:12- 13:13

चन्द्र 13:13- 14:13

शनि 14:13- 15:14

बृहस्पति 15:14- 16:15

मंगल 16:15 -17:15

सूर्य 17:15- 18:16


🚩होरा, रात


शुक्र 18:16- 19:15

बुध 19:15-20:15

चन्द्र 20:15- 21:14

शनि 21:14 -22:14

बृहस्पति 22:14- 23:13

मंगल 23:13- 24:12

सूर्य 24:12-25:12

शुक्र 25:12-26:11

बुध 26:11-27:11

चन्द्र 27:11-28:10

शनि 28:10-29:09

बृहस्पति 29:09-30:09


*🚩उदयलग्न प्रवेशकाल  🚩* 

     

कन्या  > 06:00  से  08:16 तक

तुला   >  08:16 से  10:24  तक

वृश्चिक > 10:24 से  12:52   तक

धनु     > 12:52  से  14:52   तक

मकर   > 14:52 से  16:38   तक

कुम्भ   > 16:38  से  18:16  तक

मीन    > 18:16  से  19:46   तक

मेष     >  19:46 से  21:20  तक

वृषभ   > 21:20 से  23:10   तक

मिथुन  > 23:10 से 01:22    तक

कर्क    > 01:22  से 03:32   तक

सिंह    > 03:32 से  06:56   तक

=======================


*🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार*


       (लगभग-वास्तविक समय के समीप) 

दिल्ली +10मिनट--------- जोधपुर -6 मिनट

जयपुर +5 मिनट------ अहमदाबाद-8 मिनट

कोटा   +5 मिनट------------ मुंबई-7 मिनट

लखनऊ +25 मिनट--------बीकानेर-5 मिनट

कोलकाता +54-----जैसलमेर -15 मिनट


*नोट*-- दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। 

प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है। 

चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।

शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥

रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।

अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥

अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।

उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।

शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।

लाभ में व्यापार करें ।

रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।

काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।

अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।


*💮दिशा शूल ज्ञान-------------पूर्व*

परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा काजू खाके यात्रा कर सकते है l

इस मंत्र का उच्चारण करें-:

*शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l*

*भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll*


*🚩  अग्नि वास ज्ञान  -:*

*यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,*

*चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।*

*दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,*

*नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं।।*

 *महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त,* 

*राहुणां नित्यनैमित्यके कार्ये,*

 *अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।*


  10 + 2 + 1 = 13  ÷ 4 = 1 शेष

 पाताल लोक पर अग्नि वास हवन के लिए अशुभ कारक है l


*🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩*


सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु  आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है


शनि ग्रह मुखहुति


*💮    शिव वास,फल एवं परिहार -:*


*श्रावणेऽधिकमासे च आर्द्रायाञ्च गते रवी।*

*शिवभेन्दुगते योगे, शुक्ले च व्यतिपातके ।।*

*हरानङ्गहरीणाञ्च तिथिषु करणे चतुष्पदे ।*

*सोमवारे शुभे ब्राह्मे प्रदोषाख्येऽभिजित्क्षणे ।।*

*शिवरात्र्यादि पर्वेषु उत्सवेषु निमित्तके ।*

*नित्याराधनकाले च शिववासं न चिन्तयेत् ।।*


  10 + 10 + 5 = 25 ÷ 7 =  4 शेष


सभायां = सन्ताप कारक


*🚩भद्रा वास एवं फल -:*


*स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।*

*मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।* 


*💮🚩    विशेष जानकारी   🚩💮*


 *सुगंध दशमी*


*दशावतार जयंती*


*बाबा रामदेव मेला राजस्थान*


*💮🚩💮   शुभ विचार   💮🚩💮*


सन्तोषस्त्रिषु कर्तव्यः स्वदारे भोजने धने ।

त्रिषु चैव न कर्त्तव्योऽध्ययने जपदानयोः ।।

।।चाoनीo।।


 व्यक्ति नीचे दी हुए ३ चीजो से संतुष्ट रहे...

१. खुदकी पत्नी 

२. वह भोजन जो विधाता ने प्रदान किया. 

३. उतना धन जितना इमानदारी से मिल

३- चीजो से संतुष्ट न रहे...

अध्यन, जप,दान से


*🚩💮🚩  सुभाषितानि  🚩💮🚩*


गीता -:  विश्वरूपदर्शन योग अo-11


दिवि सूर्यसहस्रस्य भवेद्युगपदुत्थिता।

 यदि भाः सदृशी सा स्याद्भासस्तस्य महात्मनः॥


आकाश में हजार सूर्यों के एक साथ उदय होने से उत्पन्न जो प्रकाश हो, वह भी उस विश्व रूप परमात्मा के प्रकाश के सदृश कदाचित्‌ ही हो

 ॥12॥


*💮🚩   दैनिक राशिफल   🚩💮*


*देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।*

*नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।*

*विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।*

*जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।*


🐏मेष

नवम भाव का चंद्रमा भाग्य का पूरा समर्थन दिलाएगा। अटके हुए काम गति पकड़ेंगे। व्यापारिक यात्राएं अत्यधिक सफल और लाभदायक रहेंगी। लव पार्टनर के साथ धार्मिक या आध्यात्मिक स्थल की यात्रा हो सकती है। आर्थिक स्थिति में बड़ा उछाल आएगा, रुका धन मिलेगा। स्वास्थ्य उत्तम रहेगा, मन में सकारात्मकता रहेगी।


🐂वृषभ

अष्टम भाव में चंद्रमा होने से काम में थोड़ा संभलकर चलने की जरूरत है। व्यापार में उधारी या बड़ा जोखिम लेने से बचें, दस्तावेजों की जांच करें। लव पार्टनर के साथ बातचीत में सौम्यता बनाए रखें। अचानक अनचाहे खर्च सामने आ सकते हैं, बजट संभालें। थकान, जोड़ों का दर्द या सिरदर्द हो सकता है, विश्राम करें।


👫मिथुन

सप्तम भाव का चंद्रमा व्यापार और दांपत्य जीवन में खुशहाली लाएगा। नया बिजनेस पार्टनर मिल सकता है, सौदे लाभदायक रहेंगे। लव लाइफ में रोमांस बढ़ेगा, अविवाहितों के लिए रिश्ता आ सकता है। आर्थिक स्थिति सुदृढ़ होगी, धन आवक बनी रहेगी। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा, ऊर्जा बनी रहेगी।


🦀कर्क

छठे भाव का चंद्रमा नौकरी-पेशा लोगों को बड़ी सफलता दिलाएगा। प्रतिस्पर्धियों पर आपकी बढ़त बनी रहेगी, रुके काम पूरे होंगे। लव पार्टनर की छोटी बातों को नजरअंदाज करें, शांत रहें। पुरानी देनदारियों से मुक्ति मिलने का रास्ता साफ होगा। खानपान का ध्यान रखें, पेट से जुड़ी समस्या से बचें।


🐅सिंह

पंचम भाव का चंद्रमा बुद्धि, कला और निवेश से बड़ा लाभ दिलाएगा। कारोबार में नए प्रयोग सफल होंगे, बड़ा मुनाफा संभव है। प्रेम संबंधों में नयापन और गहराई आएगी, दिन सुखद बीतेगा। आर्थिक लाभ के अच्छे अवसर मिलेंगे, शेयर बाजार में फायदा हो सकता है। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा, मानसिक रूप से ताजगी रहेगी।


🙎‍♀️कन्या

चतुर्थ भाव का चंद्रमा पारिवारिक सुख और संपत्ति के मामलों में लाभ देगा। रियल एस्टेट व ऑटोमोबाइल सेक्टर से जुड़े लोगों को बड़ा फायदा होगा। परिवार और पार्टनर का पूरा सहयोग मिलेगा। वाहन या मकान से जुड़े मद में निवेश हो सकता है। माता की सेहत का ध्यान रखें, स्वयं भी समय पर आराम करें।


⚖️तुला

तृतीय भाव का चंद्रमा आपके पराक्रम और संपर्क सूत्र को बढ़ाएगा। मार्केटिंग, मीडिया और आईटी क्षेत्र के कारोबारियों को बड़ा मुनाफा होगा। लव पार्टनर के साथ सुखद यात्रा के योग हैं। आर्थिक पक्ष मजबूत रहेगा, आय के नए स्रोत बनेंगे। स्वास्थ्य उत्तम रहेगा, व्यायाम को दिनचर्या में रखें।


🦂वृश्चिक

द्वितीय भाव का चंद्रमा धन संचय और वाणी से सफलता दिलाएगा। व्यापार में अटकी हुई पेमेंट वापस मिलेगी। परिवार और लव पार्टनर के साथ संबंध और प्रगाढ़ होंगे। संचित धन में वृद्धि होगी, वित्तीय योजनाएं सफल होंगी। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा, खानपान में सात्विकता रखें।


🏹धनु

आपकी ही राशि में चंद्रमा का गोचर होने से आपका आत्मविश्वास और प्रभाव बढ़ेगा। कार्यक्षेत्र और व्यापार में आपकी बातें और योजनाएं सराही जाएंगी। लव लाइफ बेहद खुशनुमा रहेगी, जीवनसाथी का पूर्ण सहयोग मिलेगा। धन लाभ के अच्छे योग हैं, नया निवेश फायदेमंद रहेगा। स्वास्थ्य उत्तम रहेगा, ताजगी और स्फूर्ति बनी रहेगी।


🐊मकर

द्वादश भाव का चंद्रमा अनावश्यक खर्च और भागदौड़ दे सकता है। विदेश या ऑनलाइन व्यापार करने वालों को लाभ होगा। लव पार्टनर के साथ किसी बात को लेकर गलतफहमी से बचें। आर्थिक मामलों में सावधानी बरतें, बजट बनाकर चलें। नींद पूरी लें, आंखों में भारीपन हो सकता है।


🍯कुंभ

एकादश भाव का चंद्रमा धन वर्षा और बड़ी इच्छाओं की पूर्ति कराएगा। व्यापार में बड़ा मुनाफा और नए अनुबंध होने की प्रबल संभावना है। लव पार्टनर से मनचाहा सरप्राइज या सहयोग मिल सकता है। आर्थिक स्थिति बहुत मजबूत होगी, नए वित्तीय स्रोत बनेंगे। स्वास्थ्य बेहतरीन रहेगा, मन प्रसन्न रहेगा।


🐟मीन

दशम भाव का चंद्रमा करियर में नई ऊंचाइयां और मान-सम्मान दिलाएगा। नौकरी में प्रमोशन या नई जिम्मेदारी के योग हैं, बिजनेस चमकेगा। परिवार और पार्टनर आपके फैसलों का समर्थन करेंगे। धन आवक में अप्रत्याशित वृद्धि होगी। स्वास्थ्य उत्तम रहेगा, फुर्ती बनी रहेगी।


*🚩आपका दिन मंगलमय हो🚩*


🌺🌺🌺🌺🙏🌺🌺🌺🌺

 








You Tube: 

1. Youtube:  ग्रह वाणी   
https://youtube.com/shorts/xqc6820XshI?si=3BPhBlfPj8-AJ3Bo

2. Youtube:  B I News
https://youtu.be/VwwU7GSmc8o?si=Y4y_DG_etYEolPQ0


PLEASE:- Like & Share 

                     
🚩🚩भारत माता की जय🚩🚩

10वीं से लेकर ग्रेजुएट्स तक को मौका,इस हफ्ते 41 हजार से ज्यादा सरकारी नौकरियां, 

Jobs 2026 : सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए यह सप्ताह बेहद खास है, क्योंकि एक साथ कई बड़े विभागों में भर्ती प्रक्रिया चल रही है.

10वीं से लेकर ग्रेजुएट्स तक को मौका,इस हफ्ते 41 हजार से ज्यादा सरकारी नौकरियां,
Sarkari Naukri 2026 : अगर सरकारी नौकरी की तलाश कर रहे हैं तो फिर आपके पास इस हफ्ते बड़े मौके हैं. देश के विभिन्न केंद्रीय और राज्य सरकारी विभागों ने भर्ती के दरवाजे खोल दिए हैं. इंडिया पोस्ट, कर्मचारी चयन आयोग (SSC), उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (UPESSC) और रेलवे भर्ती बोर्ड (RRB) समेत कई संस्थानों में कुल 41 हजार से ज्यादा पदों पर आवेदन आमंत्रित किए गए हैं. खास बात यह है कि इनमें 10वीं पास, 12वीं पास से लेकर ग्रेजुएट तक के लिए मौका है. तो चलिए जानते हैं कहां-कहां कितनी वैकेंसी है और लास्ट डेट क्या है. 


इंडिया पोस्ट में 23,757 पदों पर भर्ती

 डाक विभाग ने ग्रामीण डाक सेवक (GDS), ब्रांच पोस्टमास्टर (BPM) और असिस्टेंट ब्रांच पोस्टमास्टर (ABPM) समेत 23,757 पदों पर आवेदन मांगे हैं.

इन पदों के लिए 10वीं पास उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं. इस भर्ती के लिए किसी तरह की लिखित परीक्षा नहीं होगी. कैंडिडेट्स का सिलेक्शन 10वीं के नंबरों के आधार पर मेरिट से किया जाएगा. अप्लाई करने की लास्ट डेट 21 सितंबर 2026 है.

SSC CHSL में 2,536 वैकेंसी

12वीं पास उम्मीदवारों के लिए SSC CHSL 2026 भर्ती एक शानदार मौका है. कर्मचारी चयन आयोग ने लोअर डिवीजन क्लर्क (LDC), जूनियर सेक्रेटेरिएट असिस्टेंट (JSA) और डाटा एंट्री ऑपरेटर (DEO) समेत 2,536 पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी है. इच्छुक उम्मीदवार आयोग की आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं. इस भर्ती के लिए अप्लाई करने की लास्ट डेट 07 अक्टूबर 2026 है.

यूपी में 12,405 प्राइमरी टीचर्स की भर्ती

सुपर टीईटी 2026 के तहत 12,405 प्राथमिक शिक्षक पदों पर भर्ती के लिए आवेदन लिए जा रहे हैं. इस भर्ती में वही उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं जिन्होंने TET या CTET परीक्षा पास की हो. ऑनलाइन एप्लिकेशन फीस जमा करने की लास्ट डेट 15 अक्टूबर 2026 है.

PGT शिक्षक के 2,607 पदों पर आवेदन

यूपी शिक्षा सेवा चयन आयोग ने 2,607 पीजीटी (Post Graduate Teacher) पदों पर भर्ती का नोटिफिकेशन जारी किया है. आवेदन प्रक्रिया 18 सितंबर से शुरू हो चुकी है. अभ्यर्थी 17 अक्टूबर 2026 तक ऑनलाइन एप्लिकेशन फीस जमा कर सकते हैं.

रेलवे में पैरामेडिकल स्टाफ की भर्ती

रेलवे भर्ती बोर्ड ने 590 पैरामेडिकल पदों पर भर्ती निकाली है. इसमें नर्सिंग सुपरिंटेंडेंट, लैब असिस्टेंट और अन्य तकनीकी पद शामिल हैं. संबंधित क्षेत्र में डिप्लोमा या डिग्री रखने वाले उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं. आवेदन की लास्ट डेट 14 अक्टूबर 2026 रात 11:59 बजे तक है है.

Author Name

NEWSBIN24

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.